Friday, June 14, 2019

☞   ✔️ 14/06/2019 Current Affairs

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सभी मंत्री को सुबह 9.30 तक दफ्तर पहुंच जाने का आदेश दिया


हाल ही में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने मंत्रियों को सुबह साढ़े नौ बजे तक दफ्तर पहुंच जाने की आदेश दिया है. उन्होंने मंत्रिपरिषद की बैठक में कहा कि मंत्री घर से काम करने से बचें और लोगों के लिए एक उदाहरण पेश करें.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि जब संसद का सत्र चल रहा हो तो मंत्रियों को दिल्ली में ही रहने की कोशिश करनी चाहिए. उन्होंने कहा की राज्य मंत्रियों को बड़ी भूमिका देने की बात करते हुए कहा कि कैबिनेट मंत्रियों को उनके साथ महत्वपूर्ण फाइलें साझा करनी चाहिए. इससे उत्पादकता बढ़ेगी.

उनका यह भी कहना था कि फाइलों को तेजी से निपटाने के लिए कैबिनेट मंत्री और उनके सहायक मंत्री साथ बैठकर प्रस्तावों को मंजूरी दे सकते हैं.

मंत्री समय पर ऑफिस पहुंचे:

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने समय पर ऑफिस पहुंचने पर जोर देते हुए कहा कि सभी मंत्री समय पर ऑफिस पहुंचें और कुछ मिनट का समय निकालकर अधिकारियों के साथ मंत्रालय के कामकाज की जानकारी लें. उन्होंने कहा कि उन्हें पार्टी सांसदों और जनता से भी मिलते रहना चाहिए. उन्होंने कहा कि वे लोग अपने-अपने राज्य के सांसदों के साथ मुलाकात के जरिए यह सिलसिला शुरू कर सकते हैं. प्रधानमंत्री मोदी ने इस पर भी जोर दिया कि एक मंत्री और सांसद में बहुत फर्क नहीं है.


पीएम मोदी ने प्रत्येक मंत्रालय की पंचवर्षीय योजना पर बात की:

प्रधानमंत्री मोदी ने प्रत्येक मंत्रालय की पंचवर्षीय योजना पर भी बात की. बैठक के समय कृषि मंत्री नरेन्द्र सिंह तोमर ने सोमवार से शुरू हो रहे संसद सत्र के अधिकतम उपयोग पर प्रस्तुतिकरण दिया. तोमर पिछली सरकार में संसदीय कार्य मंत्री थे.


बिहार सरकार का बड़ा फैसला, मां-बाप की सेवा नहीं करने वाले बच्चों को जाना पड़ेगा जेल
बिहार सरकार ने हाल ही में एक बड़ा फैसला किया है. बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के मुताबिक मां-बाप के साथ दुर्व्यवहार करने पर अब बच्चों को जेल जाना पड़ेगा.

यह फैसला नीतीश कुमार की अध्यक्षता में 11 जून 2019 को हुई कैबिनेट की बैठक में मंजूरी दे दी गई है. इस फैसला में कहा गया है कि अगर बिहार में रहने वाले बच्चे अपने मां-बाप का अपमान करते हैं या उनके साथ दुर्व्यवहार करते हैं तो उन्हें जेल जाना पड़ेगा.

मुख्य बिंदु:

अगर किसी बच्चे के मां-बाप इसकी शिकायत करते हैं कि उनकी संतान सेवा नहीं करती तो ऐसे बच्चों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी.

राज्य सरकार के अनुसार, ऐसे मां-बाप जिनके बच्चे उनके साथ दुर्व्यवहार करते हैं उनको कानूनी संरक्षण प्रदान करना राज्य सरकार की जिम्मेदारी है.

बता दें कि बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में कुल 15 प्रस्तावों पर मुहर लगी है. बिहार सरकार ने कैबिनेट की बैठक में जम्मू एवं कश्मीर के पुलवामा में आतंकवादी घटनाओं में शहीद हुए बिहार के जवानों के परिजनों को नौकरी देने का भी फैसला किया है.

नीतीश सरकार द्वारा शराबबंदी और दहेज को बंद करने जैसे फैसलों के बाद सामाजिक कुरीति दूर करने हेतु यह एक और बड़ा प्रयास किया गया है.

मां-बाप की सेवा करना अनिवार्य:

कैबिनेट की बैठक में बच्चों के द्वारा मां-बाप की सेवा करना अनिवार्य बना दिया गया है. सरकार के इस नियम का पालन ना करने और मां-बाप की सेवा ना करने वाली संतान को जेल जाना पड़ेगा.

आर्टिकल अच्छा लगा? तो वीडियो भी जरुर देखें!

बिहार सरकार द्वारा सर्वे:

बिहार सरकार ने पिछले दिनों एक सर्वे कराया था जिसमें इस बात का खुलासा हुआ कि राज्य में रहने वाले बुजुर्ग माता-पिता की हालत ठीक नहीं है. जिसके बाद यह फैसला किया गया है.

इस फैसले का बड़ा प्रभाव:

बिहार सरकार का यह फैसला भारत के बदलते सामाजिक स्वरूप को सुधारने की दिशा में एक बड़ा कदम साबित हो सकता है. पिछले कुछ सालों में बुढ़ापे में मां बाप के साथ दुर्व्यवहार की घटनाओं में लगातार इजाफा हुआ है. नीतीश कुमार का यह फैसला उन बच्चों के दिमाग में कानून का डर पैदा करेगा. मां-बाप जब असहाय हो जाते हैं, जब उन्हें अपने बच्चों की सबसे ज्यादा जरूरत होती है तब कई बच्चे अपने मां-बाप को ही बोझ समझने लगते हैं.


वायुसेना के लापता AN-32 विमान क्रैश में कोई नहीं बचा, वायुसेना ने ट्वीट कर दी जानकारी
भारतीय वायुसेना ने ट्वीट कर जानकारी दी की वायुसेना के लापता विमान AN-32 में सवार कोई भी यात्री जिंदा नहीं बचा है. भारतीय वायुसेना ने ट्वीट करते हुए कहा कि आठ सदस्यों का बचाव दल क्रैश साइट पर पहुंच गया है, जहां उन्हें कोई भी जीवित शख्स नहीं मिला है.

भारतीय वायुसेना ने विमान में सवार सभी 13 लोगों के परिजनों को इस बारे में सूचित कर दिया है. भारतीय वायुसेना ने हादसे के दौरान जान गंवाने वाले सभी लोगों को श्रद्धांजलि दी है.

वायुसेना के जिन 13 जवानों ने अपनी जान गंवाई उनमें विंग कमांडर जीएम चार्ल्स, स्क्वाड्रन लीडर एच विनोद, फ्लाइट लेफ्टिनेंट आर थापा, फ्लाइट लेफ्टिनेंट ए तंवर, फ्लाइट लेफ्टिनेंट एस मोहंती, फ्लाइट लेफ्टिनेंट एम के गर्ग, वारेंट ऑफिसर केके मिश्रा, सार्जेंट अनूप कुमार, कारपॉरल शेरिन, लीड एयरक्राफ्ट मैन एसके सिंह, लीड एयरक्राफ्ट मैन पंकज, नॉन कॉम्बैट एंप्लॉयी पुताली, नॉन कॉम्बैट एंप्लॉयी राजेश कुमार है.

विमान 03 जून को गायब हुआ था

ये विमान 3 जून को लापता हुआ था और 9 दिन बाद यानी 11 जून को इसका मलबा मिला था. वायुसेना ने इस विमान को खोजने के लिए सर्च ऑपरेशन चलाया. इस अभियान को खोजने के लिए सुखोई 30 एयरक्राफ्ट और सी-130 स्पेशल ऑपरेशन एयरक्राफ्ट को लगाया गया.
!

अरुणाचल प्रदेश में दिखा था मलबा

वायुसेना के इस आठ दिनों से लापता विमान के मलबे को 11 जून 2019 को अरुणाचल प्रदेश के सियांग और शी-योमी जिले की सीमा पर गट्टे गांव के आस-पास एमआइ-17 हेलीकॉप्टर से 12 हजार फीट की ऊंचाई पर देखा गया था. भारतीय वायुसेना के अनुसार, इस इलाके में घने जंगल हैं और वहां पिछले तीन दिनों से लगातार बारिश हो रही है.

वायुसेना में 1986 में में हुआ था शामिल:


रूस निर्मित AN-32 परिवहन विमान को साल 1986 में भारतीय वायु सेना में शामिल किया गया था. वर्तमान में, भारतीय वायुसेना 105 विमानों को संचालित करती है. ये विमान ऊंचे क्षेत्रों में भारतीय सैनिकों को लैस करने और स्टॉक करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं. AN-32 सेना के लिए काफी भरोसेमंद विमान रहा है. विश्वभर में ऐसे लगभग 250 विमान सेवा में हैं. इस विमान को नागरिक और सैनिक दोनों के हिसाब से डिजाइन किया गया है.


1.  एप्पल  और गूगल को पीछे छोड़कर अमेज़न दुनिया का सबसे मूल्यवान ब्रांड बना 
Amazon beats Apple and Google to become the world’s most valuable brand

2. भारत ने ओडिशा तट के निकट  मानवरहित स्क्रैमजेट प्रदर्शन विमान का सफल परीक्षण किया
India successfully tested unmanned scramjet display aircraft near Odisha coast

3. दिल्ली विश्वविद्यालय और भारतीय वन्यजीव संस्थान के वैज्ञानिकों की एक टीम ने ने असम में  धान मेंढक की नई प्रजाति  की खोज की
A team of scientists from Delhi University and Indian Wildlife Institute has discovered a new species of Paddy Frog in Assam.

4. भारतीय नौसेना ने आईएफसी-आईओआर में  समुद्रीय सूचना साझाकरण कार्यशाला (एमआईएसडब्‍ल्‍यू) की मेजबानी की
Indian Navy hosted the Marine Information Sharing Workshop (MISW) in IFC-IOR

🍞🍞🍞🍞🍞🍞🍞🍞🍞🍞🍞🍞🍞🍞


अंतरिक्ष में भारत की सैन्य ताकत; सरकार ने डीएसआरओ को हथियार बनाने की दी मंजूरी

यह एजेंसी अंतरिक्ष युद्ध को ध्यान में रखते हुए अत्याधुनिक हथियार प्रणालियों और तक तकनीक का विकास करेगी. कुछ समय पहले ही सरकार ने उच्च स्तरीय बैठक में इस एजेंसी के गठन का फैसला किया था.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता वाली सुरक्षा मामलों पर कैबिनेट कमेटी (सीसीएस) ने रक्षा अंतरिक्ष अनुसंधान एजेंसी (डीएसआरओ) नाम से जानी जाने वाली एक नई एजेंसी के गठन को मंजूरी दे दी है. इस एजेंसी को अंतरिक्ष युद्ध हथियार प्रणालियों और प्रौद्योगिकियों को विकसित करने का काम सौंपा गया है.

यह एजेंसी अंतरिक्ष युद्ध को ध्यान में रखते हुए अत्याधुनिक हथियार प्रणालियों और तक तकनीक का विकास करेगी. कुछ समय पहले ही सरकार ने उच्च स्तरीय बैठक में इस एजेंसी के गठन का फैसला किया था.

वैज्ञानिकों का दल शामिल:

इस एजेंसी में वैज्ञानिकों का दल शामिल होगा. ये सभी वैज्ञानिक सेना के तीनों अंगों के अधिकारियों के संगठन के साथ मिलकर काम करेगें. यह एजेंसी रक्षा अंतरिक्ष एजेंसी (डीएसए) को अनुसंधान एवं विकास कार्यो में सहयोग मुहैया कराएगी.


रक्षा अंतरिक्ष एजेंसी (डीएसए):

रक्षा अंतरिक्ष एजेंसी (डीएसए) में सेना के तीनों अंगों के सदस्य शामिल होते हैं. अंतरिक्ष युद्ध के लिए डीएसए का गठन किया गया था. मोदी सरकार ने अंतरिक्ष एवं साइबर हमलों से निपटने हेतु हाल के वर्षों में विशेष तैयारी की है और उसने कई एजेंसियों का गठन किया है. स्पेशल ऑपरेशंस डिविजन देश के भीतर एवं बाहर दोनों तरफ खतरों का मुकाबला करने के लिए बनाई गई है.

एंटी सैटेलाइट टेस्ट का सफल परीक्षण:


एंटी सैटेलाइट टेस्ट का सफल परीक्षण मार्च 2019 में किया गया था. इस परीक्षण से देश की अंतरिक्ष में सैटेलाइट को मार गिराने की क्षमता का प्रदर्शन हुआ था. यह क्षमता अभी तक सिर्फ चार देशों के पास ही थी.


करेंट अफेयर्स एक पंक्ति में: 14 जून 2019

•    गुजरात के लोथल के प्राचीन भारतीय स्थल पर एक ‘राष्ट्रीय समुद्री विरासत संग्रहालय’ की स्थापना में भारत और जिस देश मिलकर काम करेंगे- पुर्तगाल

•    हाल ही में दिल्ली विश्वविद्यालय और भारतीय वन्यजीव संस्थान के वैज्ञानिकों ने इंडोनेशिया और जिस देश के शोधकर्ताओं के साथ मिलकर असम में ‘धान मेंढक’ की एक नई प्रजाति की खोज की है- अमेरिका

•    विश्वभर में बाल श्रम निषेध दिवस जिस दिन आयोजित किया जाता है-12 जून

•    विश्व कप 2019 में भारत-न्यूज़ीलैंड के बीच हाल ही में होने वाला मैच बगैर टॉस हुए ही बारिश के चलते रद्द हो गया जिसके बाद दोनों टीमों को जितने पॉइंट मिला है-1-1

•    केंद्रीय यातायात और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने बताया कि असम में ब्रह्मपुत्र नदी पर उत्तर एवं दक्षिण सिरों को जोड़ने के लिए जितने नए पुल बनाए जायेंगे- दो

•    भारत की जिस अभिनेत्री को डैनी काये मानवाधिकार पुरस्कार के लिए चुना गया है- प्रियंका चोपड़ा

•    डीआरडीओ द्वारा हाल ही में Hypersonic Technology Demonstrator Vehicle का सफल परीक्षण किया गया. इसकी अधिकतम गति अपेक्षित की गई है- MACH 6

•    जिस छात्र ने वर्ष 2019 के JEE Advanced परीक्षा में टॉप किया है- कार्तिकेय गुप्ता

•    भारतीय नौसेना ने हाल ही में मेरीटाइम इनफार्मेशन शेयरिंग वर्कशॉप 2019 का आयोजन जिस स्थान पर किया- गुरुग्राम

•    प्रतिष्ठित फोर्ब्स मैगजीन की दुनिया की 2000 सबसे बड़ी कंपनियों की लिस्ट में भारत की रिलायंस इंडस्ट्रीज को जो स्थान मिला है-71वां



विश्व रक्तदाता दिवस (World blood donor day) मनाया गया


 हाल ही में, दुनियाभर में 14 जून 2019 को विश्व रक्तदान दिवस मनाया गया। इस दिन रक्त जागरूकता अभियान चलाया जाता है और लोगों को मुफ्त रक्तदान करने के लिए प्रेरित किया जाता है। विश्वद रक्तादाता दिवस 2019 की थीम ‘Safe Blood for All’ है, यानी सभी के लिए सुरक्षित रक्तो की व्य‍वस्थाड करना है। बता दे की विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा वर्ष 1997 से हरेक साल 14 जून को “विश्व रक्तदान दिवस” मनाया जाता है। साल 1997 में विश्व स्वास्थ्य संगठन ने 100 फीसदी स्वैच्छिक रक्तदान नीति की नींव डाली थी। इसका उद्देश्य यह था कि रक्त की जरूरत पड़ने पर उसके लिए पैसे देने की जरूरत नहीं पड़े। 

चिंता का विषय यह है की भारत विश्व की सबसे बड़ी आबादी वाला देश होने के बावजूद रक्तदान में काफी पीछे है। रक्त की कमी को खत्म करने के लिए विश्व भर में रक्तदान दिवस मनाया जा रहा है। इसका मुख्य उद्देश्य रक्तदान को प्रोत्साहित करना और उससे जुड़ी भ्रांतियों को दूर करना है। सच तो ये है की रक्तदान करने से शरीर में कोई कमी नहीं आती और कोई भी स्वस्थ व्यक्ति हर तीसरे महीने रक्तदान कर सकता है। विश्व स्वास्थ्य संगठन के मानक के तहत भारत में सालाना एक करोड़ यूनिट रक्त की जरूरत है लेकिन उपलब्ध 75 लाख यूनिट ही हो पाता है। अर्थात क़रीब 25 लाख यूनिट रक्त के अभाव में हर साल सैंकड़ों मरीज़ दम तोड़ देते हैं।


वर्ष 2030 तक भारत अंतरिक्ष में अपना स्पेस स्टेशन स्थापित करेगा : ISRO


हाल ही में, इसरो द्वारा 13 जून 2019 को यह घोषणा की गई कि 2030 तक भारत का अपना अंतरिक्ष स्टेशन स्थापित किया जायेगा। इसरो के चेयरमैन के. सिवान ने अंतरिक्ष विभाग के मंत्री डा. जितेन्द्र सिंह के साथ संयुक्त प्रेस कांफ्रेस में यह घोषणा की। पाठकों को बता दे की अमेरिका, रूस और चीन के बाद भारत चौथा राष्ट्र होगा जिसका अंतरिक्ष में अपना स्टेशन होगा। इसरो द्वारा जारी जानकारी के अनुसार इसे किसी भी अन्य देश की साझेदारी के बिना ही विकसित किया जायेगा।।

इसरो द्वारा की गयी घोषणा के अनुसार यह स्पेस स्टेशन लगभग 20 टन की क्षमता का होगा। इस स्पेस स्टेशन में यानों के मिलने, उपग्रहों के उतारने और वैज्ञानिकों के रहने की सुविधा होगी। दरअसल, इसरो जब मानव को अंतरिक्ष में भेजने की क्षमता हासिल कर लेगा तो अगला कदम वहां रहकर शोध का होगा इसलिए स्पेस स्टेशन विकसित किया जाना आवश्यक है। इसके अतिरिक्त, इसरो द्वारा घोषणा की गई कि वर्ष 2022 तक मानव को अन्तरिक्ष में भेजने के लिए गगनयान को अन्तरिक्ष में भेजा जायेगा।


Advertisement Adnow

Popular Posts of The month

Amazon Offers

 
अब पाये सभी सरकारी नौकरी और उनसे जुड़े हुए किसी भी सवालो के जवाब हमारी website पर सबसे पहले