केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण 5 जुलाई को मोदी 2.0 का पहला बजट पेश करेंगी. मोदी सरकार ने शानदार जीत के साथ सत्ता में वापसी की है और सरकार आज पूर्ण बजट पेश करेगी. इस बजट को लेकर सभी लोगों में कई उम्मीदें हैं. भारत में बजट को लेकर कई तरह की परंपराएं रही हैं. लेकिन समय के साथ बजट के तौर-तरीके भी बदल गए.
बजट कुछ साल पहले तक बजट शाम 5 बजे पेश किया जाता था. मोदी सरकार ने बजट को लेकर कई परंपराओं को बदला है. कुछ साल पहले फरवरी के अंतिम दिन बजट पेश होता था, जिसे अब बदलकर 01 फरवरी कर दिया गया है. इसके अतिरिक्त रेल बजट को भी खत्म करके आम बजट में ही शामिल कर दिया गया.
सुबह 11 बजे बजट पेश किया
पहली बार साल 2001 में सुबह 11 बजे बजट पेश किया गया था. साल 2001 में वित्त मंत्री यशवंत सिन्हा ने ऐसा किया था. इससे पहले बजट शाम 5 बजे पेश किया जाता था. केंद्रीय बजट साल 2000 तक संसद में शाम 5 बजे पेश किया जाता था.
अंग्रेजों के समय से बजट की घोषणा शाम 5 बजे किए जाने की परंपरा चली आ रही थी. लेकिन साल 2001 में तत्कालीन वित्त मंत्री यशवंत सिन्हा ने सुबह 11 बजे बजट पेश कर नई परंपरा शुरू की. उस समय भी अटल बिहारी वाजपेयी के नेतृत्व में एनडीए की सरकार थी.
पहला बजट
भारत के आजाद होने से पहले भी ब्रिटिश सरकार में भी बजट पेश किया जाता था. भारत में पहली बार बजट 18 फरवरी 1869 को पेश किया गया था, जो कि जेम्स विल्सन ने पेश किया था.
आजादी के बाद पहला बजट
भारत 1947 को आजाद होने के बाद देश के पहले वित्त मंत्री शनमुखम शेट्टी ने पहला बजट पेश किया था. उन्होंने जिसके बाद अपने पद से इस्तीफा दे दिया था.
बजट पेपर हिंदी में तैयार
बजट पेपर साल 1955-56 से हिंदी में तैयार किए जा रहे है. इससे पहले भारत का बजट सिर्फ अंग्रेजी में छपता था. कांग्रेस की सरकार बनने के बाद साल 1991 में देश में पहली बार दो मंत्रियों ने अंतरिम और पूर्ण बजट पेश किया था और वो दोनों अलग-अलग पार्टी से थे.
रेल बजट साधारण बजट के साथ:
पहले रेल बजट को अलग से पेश किया जाता था. लेकिन, अब रेल बजट भी साधारण बजट के साथ पेश किया जाता है.
सर्वाधिक बजट पेश करने का रिकार्ड:
मोरारजी देसाई ने अब तक सर्वाधिक दस बार बजट पेश किया है छह बार वित्त मंत्री और चार बार उप प्रधानमंत्री रहते हुए उन्होने ऐसा किया. अपने जन्मदिन पर भी बजट पेश करने वाले भी वह एकमात्र मंत्री है.
हलवा खाने की रस्म:
बजट छपने के लिए भेजे जाने से पहले वित्त मंत्रालय में हलवा खाने की रस्म निभाई जाती है. इस रस्म के बाद बजट पेश होने तक वित्त मंत्रालय के संबधित अधिकारी किसी के संपर्क में नहीं रहते परिवार से दूर उन्हें वित्त मंत्रालय में ही रुकना पड़ता है.
बजट को कौन तैयार करता है?
बजट, भारत के वित्त मंत्रालय के आर्थिक मामलों के विभाग के तहत आने वाले ‘बजट विभाग’ की देखरेख में तैयार होता है. यही विभाग प्रत्येक साल भारत का बजट तैयार करता है.
बजट कितने प्रकार के होते हैं?
केंद्रीय बजट दो प्रकार का होता है. पहला - रेलवे बजट जो रेलवे फाइनेंस का ब्यौरा देता है. जबकि दूसरा जनरल बजट होता है, जो पूरे साल सरकार के आय और व्यय का लेखा जोखा बनाता है.
बजट क्यों पेश किया जाता है?
बजट के माध्यम से सरकार पूरे देश को यह बताती है कि वह जनता की कमाई का एक-एक पैसा योजनाबद्ध तरीके से इस्तेमाल कर रही है. बजट के माध्यम से ही देश की आर्थिक स्थिति को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर दर्शाया जाता है.
बजट 2019 Live Updates: जानें मुख्य बातें, मोदी सरकार 2.0 का पहला बजट
केंद्र सरकार 05 जुलाई 2019 को संसद में पूर्ण बजट पेश कर रही है. मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल का पहला बजट संसद में पेश किया जा रहा है. वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण यह बजट पेश कर रही है. भारत में यह पहली बार है बतौर पूर्णकालिक वित्त मंत्री कोई महिला आम बजट पेश करने जा रही है. बजट किसी भी सरकार के कामकाज के लिए सबसे महत्वपूर्ण होता है. सरकार अपने प्रस्ताव पर बिना संसद की मंजूरी लिये एक पैसे खर्च नहीं कर सकती. सरकार साथ ही बजट की भविष्य की योजनाओं की भी एक तस्वीर सामने रखती है.
निर्मला सीतारमण के अनुसार इस बार देश की जनता ने पूर्ण बहुमत के साथ हमें सरकार में बैठाया है. इस चुनाव में लोगों ने भरपूर वोट दिया. पहली बार महिला, युवा, बुजुर्गों ने अच्छा काम करने वाली सरकार पर भरोसा जताया. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अगुवाई में हमारी सरकार तेजी से काम कर रही है और अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति की मदद कर रही है.
2 से 5 करोड़ रुपये सालाना कमाने वालों पर 3 फीसदी अतिरिक्त टैक्स
मोदी सरकार ने अब 2 से 5 करोड़ रुपये सालाना कमाने वालों पर 3 फीसदी अतिरिक्त टैक्स लगेगा और साथ ही 5 करोड़ रुपये से अधिक कमाने पर 7 फीसदी अतिरिक्त टैक्स देना होगा.
एक साल में एक करोड़ से अधिक की राशि निकालने पर 2% का TDS
अगर कोई भी व्यक्ति बैंक से एक साल में एक करोड़ से अधिक की राशि निकालता है तो उसपर 2% का TDS लगाया जाएगा. यानी सालाना 1 करोड़ रुपये से अधिक निकालने पर 2 लाख रुपये टैक्स में ही कट जाएंगे.
ई वाहनों पर GST को 12 फीसदी से घटाकर 5 फीसदी
ई वाहनों पर GST को 12 फीसदी से घटाकर 5 फीसदी किया जाएगा. इसके साथ ही स्टार्टअप के लिए बड़ी छूट का ऐलान है. स्टार्ट अप को एंजल टैक्स नहीं देना होगा, साथ ही आयकर विभाग भी इनकी जांच नहीं करेगा.
45 लाख रुपये का घर खरीदने पर अतिरिक्त 1.5 लाख रुपये की छूट
सरकार ने मिडिल क्लास के लिए बड़ा ऐलान किया है. अब 45 लाख रुपये का घर खरीदने पर अतिरिक्त 1.5 लाख रुपये की छूट दी जाएगी. हाउसिंग लोन के ब्याज पर मिलने वाली कुल छूट अब 2 लाख से बढ़कर 3.5 लाख हो गई है. इसके अलावा 2.5 लाख रुपये तक का इलेक्ट्रिक व्हीकल खरीदने पर भी छूट दी जाएगी.
आधार कार्ड से भी लोग अपना इनकम टैक्स भर पाएंगे
सरकार ने ITR के लिए बड़ा ऐलान किया है. वित्त मंत्री अब आधार कार्ड से भी लोग अपना इनकम टैक्स भर पाएंगे. यानी अब पैन कार्ड होना जरूरी नहीं है, पैन और आधार कार्ड से काम हो जाएगा.
पिछले दो वर्षों में प्रत्यक्ष कर में वृद्धि
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने अपने बजट भाषण 2019-20 में आयकर दाताओं का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि पिछले दो वर्षों में प्रत्यक्ष कर में वृद्धि हुई है. साल 2018-19 में प्रत्यक्ष कर 11.37 लाख करोड़ रुपए प्राप्त हुआ है. उन्होंने कहा कि कॉरपोरेट करों को निरंतर कम करते रहेंगे. वित्त मंत्री ने 25 प्रतिशत कॉरपोरेट कर हेतु सीमा 250 करोड़ से बढ़ाकर 400 करोड़ वार्षिक टर्न ओवर करने की घोषणा की. इस फैसले से 99.39 प्रतिशत कंपनियां इस दायरे में आ जाएंगी.
नए सिक्कों का घोषणा किया गया
वित्त मंत्री ने कहा कि विनिवेश के जरिए करीब एक लाख करोड़ रुपये जुटाए जाएंगे, जिसमें एयर इंडिया में भी विनिवेश किया जाएगा. साथ ही सरकार ने घोषणा किया कि लेन-देने वाली कंपनियों को अब सीधा आरबीआई कंट्रोल करेगी. सरकार ने 1 से 20 रुपये के नए सिक्कों का घोषणा किया है, जिसे जल्द ही लोगों के लिए जारी किया जाएगा.
विदेश नीति पर जोर
वित्त मंत्री ने घोषणा किया कि हमारी सरकार विदेश नीति पर भी जोर दे रही है. इसके लिए सरकार जहां पर अभी हमारे दूतावास नहीं हैं, उन देशों में दूतावास खोलने पर जोर देगी. सरकार वित्तीय वर्ष 2019-20 में अन्य चार नए दूतावास खोलना चाहती है. सरकार का उद्देश्य बुनियादी सुविधाओं में करीब 100 लाख करोड़ रुपये के निवेश करने का है.
NPA को वापस लिया गया
वित्त मंत्री ने घोषणा किया है कि क्रेडिट को बढ़ावा देने हेतु सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों को 70 हजार करोड़ रुपये मुहैया कराए जाएंगे. सुधारों के जरिए ही बैंकों का NPA घटा है. हम बैंकिंग को हर दरवाजे तक पहुचाएंगे.
प्रवासी भारतीयों के लिए बड़ी घोषणा
सरकार ने विदेश में रहने वाले भारतीयों के लिए बड़ा घोषणा किया है. अब प्रवासी भारतीय (NRI) को भारत आते ही आधार कार्ड देने की सुविधा मिलेगी. उन्हें अब साथ ही 180 दिनों तक भारत में रहने की जरूरत नहीं है. हमारी सरकार का मुख्य लक्ष्य है कि 17 पर्यटन स्थलों को विश्व स्तर का बनाया जाएगा.

महिलाओं के विकास के बिना देश का विकास नहीं
वित्त मंत्री ने कहा कि महिलाओं के विकास के बिना देश का विकास नहीं हो सकता है. वित्त मंत्री ने घोषणा किया कि जनधन खाताधारक महिलाओं को 5000 रुपये ओवरड्राफ्ट की सुविधा दी
जाएगी. महिलाओं के लिए अलग से एक लाख रुपये के मुद्रा लोन की व्यवस्था की जाएगी.
36 करोड़ LED बल्ब बांटे गये
वित्त मंत्री ने बिजली को लेकर कहा कि हमारी सरकार ने 36 करोड़ LED बल्ब बांटे हैं. इसके जरिए देश का करीब 18431 करोड़ रुपये सालाना बचता है. बड़े स्तर पर रेलवे स्टेशनों का आधुनिककरण किया जा रहा है.
स्टैंड अप इंडिया स्कीम के तहत महिलाओं को लाभ
वित्त मंत्री ने घोषणा किया कि स्टैंड अप इंडिया स्कीम के तहत महिलाओं, ST-ST उद्यमियों को लाभ दिया जाएगा. स्टार्ट अप हेतु टीवी चैनल पर प्रोग्राम शुरू किए जाएंगे. वित्त मंत्री ने बताया कि अगले पांच साल में 125000 किमी. सड़क बनाई जाएगी. इस योजना के लिए 80 हजार 250 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे.
राष्ट्रीय स्वच्छता केंद्र बनाने की घोषणा
राष्ट्रीय स्वच्छता केंद्र राजघाट पर बनाया जाएगा. खेलो भारत योजना का भी घोषणा किया गया. हमारा उद्देश्य ऑनलाइन कोर्स को बढ़ावा देने पर है. देश में 'अध्ययन' कार्यक्रम की शुरुआत की जाएगी. इसके तहत विदेशी छात्रों को भारत में बुलाया जाएगा. उच्च शिक्षा हेतु अलग से कानून का मसौदा पेश किया जाएगा.
नई शिक्षा नीति की घोषणा
वित्त मंत्री ने कहा की सरकार की ओर से घोषणा किया गया है कि हम नई शिक्षा नीति लाएंगे. शिक्षा नीति पर अनुसंधान केंद्र भी बनाया जाएगा. राष्ट्रीय अनुसंधान प्रतिष्ठान बनाने का घोषणा किया गया. आदर्श किराया कानून भी बनाया जाएगा. सरकार उच्च शिक्षा हेतु 400 करोड़ रुपये खर्च करेगी. विश्व के टॉप 200 कॉलेज में भारत के केवल तीन कॉलेज हैं. सरकार ऐसे में इन संख्या को बढ़ाने पर जोर देगी.
26 लाख घरों का निर्माण पूरा
वित्त मंत्री ने कहा कि अभी तक करीब 26 लाख घरों का निर्माण पूरा हो चुका है. फिलहाल 24 लाख लोगों को घर दिया जा चुका है. हमारा लक्ष्य साल 2022 तक हर किसी को घर देने का है. हमारी सरकार 95 फीसदी से अधिक शहरों को ODF घोषित किया गया है. आज करीब एक करोड़ लोगों के फोन में स्वच्छ भारत ऐप है.
9.6 करोड़ शौचालय का निर्माण
वित्त मंत्री ने घोषणा किया कि साल 2014 के बाद करीब 9.6 करोड़ शौचालय का निर्माण किया गया है. करीब 5.6 लाख गांव आज देश में खुले से शौच से मुक्त हो गए हैं. स्वच्छ भारत मिशन के विस्तार हेतु सरकार प्रतिबद्ध है. करीब 2 करोड़ लोगों को डिजिटल रूप से साक्षर बनाया गया है. सरकार ग्रामीण-शहरी अंतर को खत्म करने के लिए डिजिटल क्षेत्र को बढ़ावा दे रही है.
जलशक्ति मंत्रालय का गठन
निर्मला सीतारमण ने कहा की हमारी सरकार ने पानी के लिए जलशक्ति मंत्रालय का गठन किया है. जल आपूर्ति के लक्ष्य को लागू किया जा रहा है. इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए 1500 ब्लॉक की पहचान की गई है. इसके जरिए हर घर तक पानी पहुंचाया जाएगा.
100 नए क्लस्टर बनाए जाएंगे
वित्त मंत्री ने अपने भाषण में बताया कि स्फूर्ति के जरिए देश में करीब 100 नए क्लस्टर बनाए जाएंगे. 20 प्रोद्योगिकी बिजनेस इंक्यूबेटर स्थापित किए जाएंगे. इसके तहत 20 हजार लोगों को स्किल दिया जाएगा.
कृषि अवसंरचना में निवेश को बढ़ावा
वित्त मंत्री ने घोषणा किया कि कृषि अवसंरचना में अब निवेश को बढ़ावा दिया जाएगा. करीब 10 हजार नए किसान उत्पादक संघ बनेंगे, दालों के मामले में देश आत्मनिर्भर बना है. हमारा लक्ष्य आयात पर कम खर्च करना है. इसके साथ ही डेयरी के कामों को भी बढ़ावा दिया जाएगा. अन्नदाता अब ऊर्जादाता भी हो सकता है.
इंफ्रास्ट्रक्चर को बढ़ावा देने पर जोर
वित्त मंत्री ने बताया कि पहले एक घर बनाने में करीब 314 दिन लगते थे लेकिन अब ये घटकर करीब 114 दिन लगते हैं. हमारा मुख्य जोर अब इंफ्रास्ट्रक्चर को बढ़ाने पर है. भारतमाला परियोजना के जरिए हम देश के हर गांव तक पक्की सड़क पहुंचा रहे हैं और नेशनल हाइवे का निर्माण कर रहे हैं.
गांव और किसान पर ज्यादा फोकस
वित्त मंत्री ने कहा कि महात्मा गांधी का विचार था कि भारत की आत्मा गांवों में बसती है. हमारी सरकार अपनी प्रत्येक योजना में अंतोदय को बढ़ावा देने जा रही है. हमारी सरकार का मुख्य बिंदु गांव, किसान और गरीब है. हमारा लक्ष्य है कि साल 2022 तक हर गांव में बिजली पहुंचेगी. उज्ज्वला योजना एवं सौभाग्य योजना के जरिए देश में काफी बदलाव आया है.
मीडिया में भी विदेशी निवेश की सीमा बढ़ाने पर विचार
वित्त मंत्री ने भाषण में कहा कि मीडिया में भी विदेशी निवेश की सीमा बढ़ाने पर विचार किया जा रहा है. इसके अतिरिक्त बीमा सेक्टर में 100 प्रतिशत FDI पर भी विचार किया जा रहा है.
भारत अंतरिक्ष के क्षेत्र में एक बड़ी ताकत के रूप में उभरा
भारत अंतरिक्ष के क्षेत्र में एक बड़ी ताकत के रूप में उभरा है. हमारी सरकार इस ताकत को और भी बढ़ाना चाहती है और सैटेलाइट लॉन्च करने की क्षमता को बढ़ाया जाएगा.
छोटे दुकानदारों को पेंशन की घोषणा
वित्त मंत्री ने ऐलान किया कि छोटे दुकानदारों को पेंशन दी जाएगी. इसके साथ ही
मात्र 59 मिनट में सभी दुकानदारों को लोन देने की भी योजना है. इसका लाभ तीन करोड़ से अधिक छोटे दुकानदारों को मिल सकेगा. हमारी सरकार इसके साथ ही हर किसी को घर देने की योजना पर भी आगे बढ़ रही है.
नेशनल ट्रांसपोर्ट कार्ड का घोषणा
सरकार की तरफ से नेशनल ट्रांसपोर्ट कार्ड का घोषणा किया गया है. जिसका इस्तेमाल रेलवे और बसों में किया जाएगा. इसे रूपे कार्ड की मदद से चलाया जा सकेगा. इससे बस का टिकट, पार्किंग का खर्चा, रेल का टिकट सभी एक साथ किया जा सकेगा. सरकार ने इसके साथ ही MRO का फॉर्मूला अपनाने की बात कही है. जिसमें मैन्यूफैक्चरिंग, रिपेयर और ऑपरेट का फॉर्मूला लागू किया जाएगा.
रेलवे के विकास के लिए PPP मॉडल
वित्त मंत्री ने घोषणा किया कि सरकार रेलवे में निजी भागेदारी को बढ़ाने पर जोर दे रही है. रेलवे के विकास के लिए PPP मॉडल को लागू किया जाएगा.
अगला बड़ा लक्ष्य जल रास्ते को बढ़ावा देना
वित्त मंत्री ने अपने भाषण में कहा की हमारा लक्ष्य रिफॉर्म, परफॉर्म और ट्रांसफॉर्म का है. हमारी सरकार का अगला बड़ा लक्ष्य जल रास्ते को बढ़ावा देना है. साथ ही वन नेशन, वन ग्रिड के लिए हम आगे बढ़ रहे हैं, जिसका ब्लूप्रिंट तैयार किया जा रहा है.
मेक इन इंडिया के द्वारा स्वदेशी की तरफ
वित्त मंत्री सीतारमण ने कहा कि हम मेक इन इंडिया के द्वारा स्वदेशी की तरफ बढ़ रहे हैं. इसके अतिरिक्त हमारी सरकार देश को आधुनिक भी बना रही है. हमारा उद्देश्य देश के अंदर ही जल मार्ग शुरू करने की है. हमारा लक्ष्य इलेक्ट्रॉनिक वाहनों को बढ़ावा देना है.
अपने बजट भाषण के दौरान एक शेर पढ़ा
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने अपने बजट भाषण के दौरान एक शेर भी पढ़ा. निर्मला ने कहा की 'यक़ीन हो तो कोई रास्ता निकलता है, हवा की ओट भी ले कर चराग़ जलता है'. ये शेर मशहूर शायर मंजूर हाशमी का है.
भारत रोजगार देने वाला देश बना
निर्मला सीतारमण ने कहा कि भारत आज रोजगार देने वाला देश बना है. हमारा जोर अब इंफ्रास्ट्रक्चर को बढ़ाने पर है. भारतमाला के जरिए हम देश में सड़क हर गांव तक पहुंचा रहे हैं और नेशनल हाइवे का निर्माण कर रहे हैं. उन्होंने इस दौरान अपनी कई योजनाओं का जिक्र किया, जिसमें मुद्रा योजना, सागरमाला, मेक इन इंडिया आदि शामिल रहे.
छठी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि हमारी अर्थव्यवस्था दुनिया की छठी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है. पिछले पांच साल में हमने देश की अर्थव्यवस्था का कायाकल्प करने का काम किया. हमारा लक्ष्य लोगों के घरों में शौचालय पहुंचाना, घरों में बिजली पहुंचाना था.
बजट पेश करने वालीं वह देश की पहली महिला
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने लोकसभा में बजट भाषण पढ़ना शुरू कर दिया है. बतौर पूर्णकालिक वित्त मंत्री बजट पेश करने वालीं वह देश की पहली महिला हैं.
निर्मला सीतारमण का लक्ष्य
वित्त मंत्री ने अपने बजट में आने वाले दशक का लक्ष्य देश के सामने रखा. अगले कुछ वर्षों में हमारी अर्थव्यवस्था 5 ट्रिलियन डॉलर तक पहुंच जाएगी. इस दौरान उन्होंने गिनाया कि प्रदूषण मुक्त भारत, चिकित्सा उपकरणों पर जोर, जल प्रबंधन, अंतरिक्ष कार्यक्रम, चंद्रयान, गगनयान जैसे मुख्य बिंदु को गिनाया.
बजट-2019 से उम्मीदें
• मोदी सरकार के बजट में इस बार राजकोषीय घाटे को काबू में रखने के साथ आर्थिक वृद्धि और रोजगार सृजन को गति देने पर जोर रह सकता है.
• मोदी सरकार राजकोषीय स्थिति मजबूत करने के लिये कर दायरा बढ़ाने और अनुपालन बेहतर करने के इरादे से करीब 10 करोड़ रुपये से ज्यादा कमाने वालों पर 40 प्रतिशत की एक नई दर से कर लगाया जा सकता है.
• नौकरी करने वाले लोगों के लिये महत्वपूर्ण आयकर के मोर्चे पर कर स्लैब में बदलाव की उम्मीद की जा रही है.
• अंतरिम बजट 2019-20 में 5 लाख रुपये तक की आय पर कर छूट देने की घोषणा की गयी थी.
• आय कर पर फिलहाल 2.5 लाख रुपये से 5 लाख रुपये की आय पर 5 प्रतिशत, 5 लाख रुपये से 10 लाख रुपये तक की आय पर 20 प्रतिशत और 10 लाख रुपये से ऊपर आय पर कर की दर 30 प्रतिशत है.
• लोकसभा चुनाव 2019 से पहले बीजेपी ने 75 वादों से लैस एक संकल्प पत्र जारी किया था. मोदी सरकार इस बजट में संकल्प पत्र के कुछ वादों को पूरा करने की ओर कदम बढ़ा सकती है.
• भारतीय रिजर्व बैंक आर्थिक वृद्धि को रफ्तार देने के लिए इस साल तीन बार ब्याज दरों में कटौती कर चुका है, ऐसे में सबकी नजरें अब सरकार पर टिकी हुई हैं.
आम बजट 2019: कर (टैक्स) प्रावधान
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में बनी एनडीए की सरकार के दूसरे कार्यकाल का पहला आम बजट 05 जुलाई 2019 को संसद में पेश हुआ. केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने सुबह 11 बजे संसद में बजट पेश किया. इस बार बजट पेश करने को लेकर चली आ रही पुरानी परंपरा से इतर बजट की कॉपी ब्रीफकेस के बजाय लाल रंग के बैग में रखी गई. वहीं बजट को इस बार 'बही खाता' नाम दिया गया है.
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने अपने बजट भाषण 2019-20 में आयकर दाताओं का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि पिछले दो वर्षों में प्रत्यक्ष कर में वृद्धि हुई है. साल 2018-19 में प्रत्यक्ष कर 11.37 लाख करोड़ रुपए प्राप्त हुआ है। उन्होंने कहा कि कॉरपोरेट करों को निरंतर कम करते रहेंगे.
टैक्स (कर) पर मुख्य बिंदु:
• वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बजट में मध्य वर्ग को राहत देते हुए 5 लाख तक की इनकम पर किसी भी तरह का टैक्स नहीं लगाने का प्रस्ताव किया. वित्त मंत्री ने कहा कि वित्त मंत्री ने कहा कि 5 लाख रुपये तक कि आय पर कोई टैक्स नहीं देना होगा.
• वित्त मंत्री ने 25 प्रतिशत कॉरपोरेट कर के लिए सीमा 250 करोड़ से बढ़ाकर 400 करोड़ वार्षिक टर्न ओवर करने की घोषणा की. इस फैसले से 99.39 प्रतिशत कंपनियां इस दायरे में आ जाएंगी. इसका मतलब है कि अब सालना 400 करोड़ टर्नओवर वाली कंपनियों को 25 प्रतिशत की दर से कॉरपोरेट टैक्स देना होगा. पहले सालाना टर्नओवर 250 करोड़ रुपए वाली कंपनियों को 25 प्रतिशत टैक्स देय था.
• ई वाहनों पर GST को 12 फीसदी से घटाकर 5 फीसदी किया जाएगा. इसके साथ ही स्टार्टअप के लिए बड़ी छूट का घोषणा किया है. स्टार्ट अप को एंजल टैक्स नहीं देना होगा, साथ ही आयकर विभाग भी इनकी जांच नहीं करेगा.
• मोदी सरकार ने मिडिल क्लास के लिए बड़ा घोषणा किया है. अब 45 लाख रुपये का घर खरीदने पर अतिरिक्त 1.5 लाख रुपये की छूट दी जाएगी. हाउसिंग लोन के ब्याज पर मिलने वाली कुल छूट अब 2 लाख से बढ़कर 3.5 लाख हो गई है. इसके अतिरिक्त 2.5 लाख रुपये तक का इलेक्ट्रिक व्हीकल खरीदने पर भी छूट दी जाएगी.
• मोदी सरकार ने ITR के लिए बड़ा घोषणा किया है. वित्त मंत्री अब आधार कार्ड से भी लोग अपना इनकम टैक्स भर पाएंगे. यानी अब पैन कार्ड होना जरूरी नहीं है, पैन और आधार कार्ड से काम हो जाएगा.
• यदि कोई भी व्यक्ति बैंक से एक साल में एक करोड़ से अधिक की राशि निकालता है तो उसपर 2 प्रतिशत का TDS लगाया जाएगा. यानी सालाना 1 करोड़ रुपये से अधिक निकालने पर 2 लाख रुपये टैक्स में ही कट जाएंगे.
• मोदी सरकार ने अब 2 से 5 करोड़ रुपये सालाना कमाने वालों पर 3 प्रतिशत अतिरिक्त टैक्स लगेगा और साथ ही 5 करोड़ रुपये से अधिक कमाने पर 7 प्रतिशत अतिरिक्त टैक्स देना होगा.
• 4000 करोड़ टर्नओवर वाली कंपनी पर 25 फीसदी की दर से टैक्स लगेगा. सस्ते मकान की खरीद पर 3.5 लाख रुपये की छूट मिलेगी. यह छूट 45 लाख रुपये तक का मकान खरीदने वालों को मिलेगी. पहले इस छूट की सीमा 2 लाख रुपये तक थी. अब 3.5 लाख रुपये तक के ब्याज पर टैक्स नहीं लगेगा.
वित्त मंत्री ने निर्मला सीतारमण कहा कि सरकार की तरफ से अनेक प्रयासों के बाद कर संग्रह में बढ़ोतरी हुई है. प्रत्यक्ष कर साल 2013-14 में 6.38 लाख करोड़ से बढ़कर साल 2018-19 11.37 लाख करोड़ पहुंच गया. यह हर साल दोहरे अंक में बढ़ोतरी कर रहा है. सरकार आयकर रिटर्न भरने को आसान बनाने पर जोर दे रही है.
बजट 2019: क्या हुआ सस्ता, क्या हुआ महंगा
केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा संसद में पेश किये गये बजट में लोगों को राहत देने की कोशिश की गयी. हर बार की तरह इस बार भी बजट के बाद कुछ चीजें महंगी हुई और कुछ चीजें सस्ती होंगी. आइये जानें आपकी रोजमर्रा के जीवन पर इससे क्या प्रभाव पड़ेगा. वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने लगभग दो घंटे 10 मिनट तक बजट भाषण पढ़ा.
क्या होगा महंगा
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के इस बजट के बाद पेट्रोल-डीजल, सोना, काजू महंगे हो जाएंगे. पेट्रोल और डीज़ल पर 1 रुपये प्रति लीटर की कस्टम ड्यूटी बढ़ाई गई है. सोने पर इंपोर्ट ड्यूटी 10 फीसदी से बढ़ाकर 12.5 फीसदी की गई है. सोने पर 2.5 फीसदी आयात शुल्क बढ़ा दिया गया है जिससे दाम में इजाफा होगा.
आयात शुल्क में इजाफा होने से कई चीजों के दाम भी बढ़ेंगे. आयातित किताबों पर पांच प्रतिशत का शुल्क लगेगा. ऑटो पार्ट्स, सिंथेटिक रबर, पीवीसी, टाइल्स भी महंगी हो जाएंगी. इसके साथ ही विदेशी किताब भी महंगी हो जाएगी. क्योंकि इसपर भी कस्टम ड्यूटी बढ़ाई गई है.
सीसीटीवी, ऑटो पार्ट्स, काजू, मेटल फिटिंग, सिंथेटिक रबर, डिजिटल वीडियो कैमरा इत्यादि महँगी हो जायेगी.
इस प्रस्तावित बजट के लागू हो जाने के बाद तंबाकू उत्पाद भी महंगे हो जाएंगे. सोने के अलावा चांदी और चांदी के आभूषण खरीदने के लिए भी अतिरिक्त रुपये खर्च होंगे. ऑप्टिकल फाइबर, स्टेनलेस उत्पाद, एसी, लाउडस्पीकर, वाहन के हॉर्न, सिगरेट आदि महंगा हो जाएगा.
क्या होगा सस्ता
इस बजट के बाद इलेक्ट्रिक कारें सस्ती हो जाएंगी. हालांकि अभी ये कारें चलन में नहीं हैं लेकिन दाम कम होने से इन कारों का इस्तेमाल अधिक होगा.
सरकार ने ई वाहन पर लगने वाले 12 प्रतिशत टैक्स को घटाकर 5 प्रतिशत कर दिया है. वहीं बजट के बाद होम लोन लेना भी सस्ता होगा, यानी घर खरीदना अब किफायती होगा. सस्ते घरों के लिए ब्याज पर 3.5 लाख रुपये की छूट मिलेगी.
निर्मला सीतारमण के इस बजट के बाद साबुन, शैंपू, बालों का तेल, टूथपेस्ट, बिजली का घरेलू सामान जैसे पंखे, लैम्प, ब्रीफकेस, यात्री बैग, सेनिटरी वेयर, बोतल, कंटेनर, रसोई में प्रयुक्त सामान लैसे बर्तन, गद्दा, बिस्तर, चश्मों के फ्रेम, बांस का फर्नीचर, पास्ता, धूपबत्ती, नमकीन, सूखा नारियल, सैनिटरी नैपकिन भी सस्ता होगा.
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने इंश्योरेंस सेक्टर में राहत दिया है. बीमा क्षेत्र में 100 प्रतिशत FDI से इंश्योरेंस सस्ता होगा. रक्षा उपकरण, चमड़े का सामान, इलेक्ट्रिक वाहन, 45 लाख रुपए तक का घर सस्ता होगा.
आम बजट 2019: शिक्षा एवं मानव संसाधन, नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति लाएगी सरकार
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण संसद भवन में मोदी सरकार 2.0 का पहला बजट पेश की. वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने अपने बजट भाषण की शुरुआत 'मजबूत देश के लिए मजबूत नागरिक' के नारे के साथ किया है. इस बीच निर्मला सीतारमण ने एक-एक करके अपने सरकार के उपलब्धियों को गिनाया.
सरकार नई शिक्षा नीति लाने जा रही है जिसके तहत उच्च शिक्षा संस्थानों को उत्कृष्ट बनाने के लिए 400 करोड़ की राशि खर्च करेगी. वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने शिक्षा के क्षेत्र में क्रांति लाने के लिए नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति बनाने की घोषणा की. वित्त मंत्री सीतारमण ने कहा कि विश्व के 200 टॉप कॉलेजों में भारत के केवल तीन कॉलेज ही शामिल हैं. ऐसे में केंद्र सरकार इन कॉलेजो की संख्या बढ़ाने के लिए नए प्रयास करेगी.
आम बजट 2019-20 में शिक्षा, कौशल एवं रोजगार सृजन से संबंधित निम्नलिखित घोषणाएं
• शिक्षा के क्षेत्र में 2019-2020 में 400 करोड़ रुपये का प्रवधान रखा है.
• टॉप 200 में भारत के तीन शिक्षा संस्था शामिल हैं.
• नई नीति में स्कूलों और कॉलेजों में बदलाव का प्लान है.
• देश में नई शिक्षा नीति लाई जाएगी.
• नेशनल रिसर्च फाउंडेशन बनाया जाएगा.
• अध्ययन नामक कार्यक्रम की शुरुआत होगी.
• एक लाख विधार्थियों के लिए स्कूल योजना खोलने की घोषणा.
• बजट में युवाओं की शिक्षा के साथ ही स्वास्थ्य का भी ध्यान रखा गया है.
• वित्त मंत्री ने कहा कि एक करोड़ युवाओं तक खेलो भारत योजना का विस्तार होगा. खेलों के विकास पर काम होगा और विदेश में नौकरी के लिए प्रशिक्षण की व्यवस्था होगी.
• भारत के युवाओं को विदेश में नौकरी में दिक्कत न आए, इसके लिए खास प्रशिक्षण कार्यक्रम चलाया जाएगा. इसके तहत युवाओं को विदेश में नौकरी के लिए प्रशिक्षित किया जाएगा.
• विभिन्न पाठ्यक्रमों के लिए ऑनलाइन कोर्स चलाने पर फोकस किया जाएगा. ताकि दूरस्थ क्षेत्रों में रहने या किसी अन्य कारण से किसी की पढ़ाई न रुके.
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि हमारा लक्ष्य ऑनलाइन पाठ्यक्रमों को बढ़ावा देना है. देश में 'अध्ययन' कार्यक्रम की शुरुआत की जाएगी और विदेशी छात्रों को भारत में बुलाया जाएगा. इसके लिए स्टडी इंडिया प्रोग्राम की शुरूआत की जाएगी. उच्च शिक्षा के लिए अलग से कानून का मसौदा पेश किया जाएगा. नई नीति में स्कूल, कॉलेजों में बदलाव का प्रावधान है.
आम बजट 2019: कृषि क्षेत्र
वित्त मंत्री निर्मला सीतारम संसद में नरेंद्र मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल का पहला बजट पेश कर रही हैं. उन्होंने संसद में अपने पहले बजट भाषण में 'सशक्त राष्ट्र, सशक्त नागरिक' के सिद्धांत पर जोर दिया. केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने Union Budget 2019 पेश करते हुए कहा कि गांव, गरीब और किसान हमारे केंद्र बिंदु हैं.
निर्मला सीतारमण ने अपने बजट में गांव, गरीब और किसानों को कई तोहफे दिए. उन्होंने गरीब और किसानों को बजट का तोहफा देने से पहले साफ कहा कि असल भारत, गांव में ही बसता है. उन्होंने किसानों और गरीबों के लिए इस बजट में कई बड़ी बातें कहीं.
आम बजट 2018-19 में कृषि क्षेत्र से संबंधित निम्नलिखित घोषणाएं की गई.
• गांव, गरीब, किसान पर खास फोकस होगा. निर्मला सीतारमण ने कहा कि साल 2022 तक हर गांव में बिजली होगी. साथ ही 1.95 करोड़ नए घर बनाने की योजना है.
• वित्त मंत्री सीतारमण ने कहा कि साल 2024 तक गांव के हर घर तक जल (पानी) पहुंचाया जाएगा. इसमें हर घर में टंकी से पानी पहुंचाया जाएगा. उन्होंने बताया कि यह काम जल जीवन मिशन के तहत किया जाएगा. इसमें हर घर तक पीने का पानी पहुंचाने की कोशिश रहेगी.
• वित्त मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के तहत साल 2019-20 से साल 2021-22 तक पात्रता रखने वाले लाभार्थियों को 1.95 करोड़ मकान मुहैया कराये जाएंगे. इनमें रसोई गैस, बिजली और शौचालयों जैसी सुविधा होगी. सीतारमण ने बताया कि पहले आवासों को बनाने में जहां 314 दिन लग रहे थे, अब 114 दिन लगते हैं.
• वित्त मंत्री ने बताया कि 5.6 लाख गांव अबतक खुले में शौच से मुक्त हो गए हैं. वित्त मंत्री सीतारमण ने कहा कि 02 अक्टूबर 2019 को भारत खुले में शौच से मुक्त हो जाएगा.
• वित्त मंत्री के अनुसार साल 2022 तक 10 हजार नए किसान उत्पादक संगठन बनाए जाएंगे. मछुआरों की आजीविका को सुधारने के लिए प्रधानमंत्री मतस्य संपदा योजना के तहत मत्स्यिकी ढांचे की स्थापना होगी. वित्त वर्ष 2019-20 के दौरान 100 नए बांस, शहद और खादी कलस्टर की स्थापना होगी.
• वित्त मंत्री ने बजट भाषण में जलजीवन मिशन के तहत साल 2024 तक सभी ग्रामीण परिवारों को जल उपलब्ध कराने का प्रस्ताव रखा. साथ ही गरीबों के लिए साल 2022 तक प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के तहत सभी को घर उपलब्ध कराने की बात कही.
• उन्होंने कहा कि पीएम सड़क योजना के तहत आवंटित किए जाने वाले 80,250 करोड़ रुपये के निवेश से 1.25 लाख किमी लंबी सड़क का निर्माण किया जाएगा.
• सरकार ने 2 करोड़ ग्रामीणों को डिजिटल शिक्षा (Digital Education) देने का लक्ष्य रखा है.
• वित्तमंत्री ने मत्यपालन के तरफ जोर देते हुए कहा कि मछली उद्योग ग्रामीण भारत के लिए अहम है. आने वाले समय में हमारी सरकार ग्रामीण किसानों को इससे जोड़कर उनकी दशा-दिशा बदलेगी. इसके लिए सरकार 'प्रधानमंत्री मत्य पालन' योजना की शुरूआत करने जा रही है.
जीरो बजट कृषि को बढ़ावा
वित्त मंत्री सीतारमण ने कहा कि जीरो बजट खेती पर जोर दिया जाएगा. इसका उद्देश्य खेती के बुनियादी तरीकों पर लौटना है. इसी से किसानों की आय दोगुनी करने का लक्ष्य पूरा होगा. खाद्यानों, दलहनों, तिलहनों, फलों और सब्जियों की स्व-पर्याप्तता और निर्यात पर विशेष रूप से जोर दिया गया.
ज्यादा जोर गांव गरीब और किसानों पर
मोदी सरकार 2.0 का ज्यादा जोर गांव गरीब और किसानों पर है. सरकार ये मानती है कि गांवों के विकास के बिना देश का विकास नहीं हो सकता है. साथ ही कृषि को फायदे का सौदा बनाए बिना देश में बेरोजगारी दूर नहीं की जा सकती.
आम बजट 2019: भारतीय रेल, देश में अब प्राइवेट ट्रेन भी चलेगी
केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल का पहला बजट 05 जुलाई 2019 को संसद में पेश की. केंद्रीय बजट के तहत रेलवे बजट 2019 पेश करते हुए वित्तमंत्री ने साफ, सुरक्षित और समयबद्ध रेल यात्रा पर जोर दिया है.
वित्त मंत्री ने कहा कि सरकार रेल यात्रियों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है. सीतारमण ने कहा कि केंद्र सरकार रेलवे स्टेशन के आधुनिकीकरण की योजना को साल 2019 से शुरू करेगी. इसका उद्देश्य यात्रियों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना है.
आम बजट 2019-20 में भारतीय रेल से संबंधित निम्नलिखित घोषणाएं:
• वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने वर्ष 2019-20 के बजट में 300 किलोमीटर मेट्रो रेल परियोजना को मंजूरी प्रदान की है.
• वित्तमंत्री के अनुसार, इस वर्ष 657 किलोमीटर नए मेट्रो रेल नेटवर्क पर संचालन शुरू कर दिया जाएगा.
• उन्होंने साथ ही रेलवे किराए में सुधार के लिए आदर्श किराया कानून बनाने का भी प्रस्ताव पेश किया है. इसके जरिए रेलवे यात्रियों की जरूरत, सुविधाओं और विभाग की आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए किराया तय करेगी.
• वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि भारतीय रेल और मेट्रो प्रोजेक्ट में पीपीपी मॉडल के जरिए निजी भागीदारी को बढ़ावा दिया जाएगा.
• उन्होंने बजट में रेलवे ट्रैक के लिए पीपीपी मॉडल को मंजूरी प्रदान कर दी है. वित्तमंत्री ने कहा कि पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप (पीपीपी) मॉडल से रेलवे के विकास में तेजी आएगी.
• स्टेशनों को विश्वस्तरीय बनाने के लिए रेलवे ने फ्रांस के साथ समझौता किया है. फ्रांस के साथ हुए इस समझौते के तहत ढांचागत विकास पर सरकार सात लाख यूरो खर्च करेगी.
• वित्तमंत्री के अनुसार, रेल ढांचे के मॉडर्नाइजेशन और स्वीकृत योजनाओं को पूरा करने के लिए 50 लाख करोड़ रुपये की जरूरत है. इन परियोजनाओं को साल 2018 से साल 2030 तक पूरा होना है.
• रेलवे ने बांद्रा टर्मिनस, कोलकाता व कानपुर सेंट्रल समेत देश के 22 प्रमुख रेलवे स्टेशनों का विश्वस्तरीय पुनर्विकास कराने का लक्ष्य निर्धारित किया है.
• इंडियन रेलवे स्टेशन डेवलपमेंट कॉरपोरेशन का लक्ष्य इन स्टेशनों पर एयरपोर्ट जैसी सुविधाएं मुहैया कराने पर है.
• केंद्रीय मंत्री निर्मला सीतारमण ने बताया कि रेलवे नेटवर्क का कंजेशन खत्म करने के लिए जलमार्ग भी तेजी से विकसित किए जा रहे हैं. इसके अलावा मालगाड़ियों के लिए डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर का निर्माण भी तेजी से किया जा रहा है.
• यात्रियों की सुरक्षा के लिए स्टेशनों और ट्रेनों के अंदर सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे.
• वित्तमंत्री ने बताया कि भारतीय रेलवे प्रदूषण मुक्त अभियान के तहत ग्रीन एनर्जी पर फोकस कर रही है. इसके तहत पुराने डीजल इंजनों का आधुनिकीकरण कर उन्हें इलेक्ट्रिक इंजन बनाया जा रहा है.
बजट में पहली बार प्राइवेट ट्रेन की घोषणा
सरकार देश में पहली बार प्राइवेट ट्रेनों का संचालन शुरू करने जा रही है. वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने बताया कि भारतीय रेलवे की योजना है कि निजी भागीदारों को पर्यटन वाले रूट पर कुछ चुनिंदा ट्रेनें संचालित करने की अनुमति प्रदान की जाए. सरकार की 100 दिन की योजना के तहत दो ट्रेनें संचालन के लिए आईआरसीटीसी को दी जाएंगी. इसके अंतर्गत ट्रेन यात्रियों को और प्रीमियम सुविधाएं उपलब्ध कराने का प्रयास किया जाएगा.
आर्थिक सर्वेक्षण 2019 के अनुसार
वित्तमंत्री ने बताया कि आर्थिक सर्वेक्षण 2019 के अनुसार वित्तीय वर्ष 2018-19 में भारतीय रेलवे के यात्रियों की संख्या में 2.09 प्रतिशत का इजाफा हुआ है. निर्मला सीतारमण ने कहा कि केवल रेलवे में ही पीपीपी मॉडल को लागू नहीं किया जाएगा, बल्कि स्पेशल पर्पस व्हीकल स्ट्रक्चर्स विकसित करने में भी इसका प्रयोग होगा.







